वेदानामपौरुषेयत्वप्रतिपादनं म्लेच्छागमपौरुषेयत्वस्थापनञ्च (केवल संस्कृत में / Only Saṁskṛt)

वेदानामपौरुषेयत्वप्रतिपादनं म्लेच्छागमपौरुषेयत्वस्थापनञ्च (केवल संस्कृत में / Only Saṁskṛt)       संहिताब्राह्मणारण्यकोपनिषदादिग्रन्थानां तात्पर्यसाम्यतयापि तदैकतानतायाः समुच्चयेन तद्ग्रन्थेषु शब्दप्रयोगवैशिष्ट्याधारेण तेषामपौरुषेयत्वमप्याक्षेपार्हमेवान्यपौरुषेयार्षागमादिग्रन्थेषूपलब्धवैदिकशब्दशैलिप्रयोगादतः वेदानामपौरुषेयत्वमागतं तेषामनाद्यविच्छिन्नसम्प्रदायनिबन्धनात्तन्निर्मातृनिर्माणयोरभावाच्च । नैयायिकमते वर्णसमाम्नायानां यदनित्यत्वं स्वीकृतं तन्निरासो जायते पूर्वमीमांसकदृष्टौ कण्ठताल्वादिविनिर्गतध्वनेरस्थायित्वमपि । सुतरां वेदब्राह्मणादिग्रन्थानामाद्यनिरपेक्षोच्चारयितुरभावात्तेषामपौरुषेयत्वं स्थितम् । ऋषय: मन्त्रद्रष्टार: न तु मन्त्रकृज्जना: । ऐतरेयारण्यकस्य शान्तिपाठे यदुक्तं – “….नम ऋषिभ्यो मन्त्रकृद्भ्यो मन्त्रपतिभ्यो…” – तत्रैव मन्त्रकृदिति पदे ‘मन्त्रस्रष्टार’ इत्याशय: नापितु […]

Read More वेदानामपौरुषेयत्वप्रतिपादनं म्लेच्छागमपौरुषेयत्वस्थापनञ्च (केवल संस्कृत में / Only Saṁskṛt)

Some thoughts on safeguarding Sanātana-dharma!

Some thoughts on safeguarding Sanātana-dharma!       Among the Hindu youth in Bhārata, nowadays, a lot of craze is seen for the protection of Sanātana-dharma. However, protection of Sanātana-dharma needs much maturity + knowledge of scriptures/traditions and not rowdiness accompanied with whimsical behaviour. Sanātana-dharma does not need alliance of millions of stars (whimsicals not […]

Read More Some thoughts on safeguarding Sanātana-dharma!

गुरुपादाचार्य स्वामी श्री के द्वारा गहन शास्त्रीय अनुसन्धान में जाने का उपक्रम आगामी दीर्घकाल के लिये / An initiative by Gurupādācārya Svāmī Śrī to delve deep into the profound scriptural research for upcoming some time

गुरुपादाचार्य स्वामी श्री के द्वारा गहन शास्त्रीय अनुसन्धान में जाने का उपक्रम आगामी दीर्घकाल के लिये  / An initiative by Gurupādācārya Svāmī Śrī to delve deep into the profound scriptural research for upcoming some time श्रीनन्दनन्दनपरब्रह्मणो माधुर्यमुत्कृष्यते ।   सनातनधर्म के विभिन्न सम्प्रदायों का शास्त्रमूलक मतवैचित्र्य एक ओर जहाँ आर्य संस्कृति के वैभवयुक्त उत्कर्ष का […]

Read More गुरुपादाचार्य स्वामी श्री के द्वारा गहन शास्त्रीय अनुसन्धान में जाने का उपक्रम आगामी दीर्घकाल के लिये / An initiative by Gurupādācārya Svāmī Śrī to delve deep into the profound scriptural research for upcoming some time

नारी नरक का द्वार है – किस आशय से इस शास्त्रकथन को समझना चाहिये ? How to comprehend the scriptural proposition claiming woman to be the gateway to hell ? (Only Hindī version)

नारी नरक का द्वार है – किस आशय से इस शास्त्रकथन को समझना चाहिये ? How to comprehend the scriptural proposition claiming woman to be the gateway to hell ? (Only Hindī version) शास्त्र पुरुषप्रधान दृष्टि से लिखे गये हैं । नारी नरक का द्वार नहीं है । यहाँ अर्थ ‘रूढिवृत्ति’ एवं ‘योगिकवृत्ति’ से भी […]

Read More नारी नरक का द्वार है – किस आशय से इस शास्त्रकथन को समझना चाहिये ? How to comprehend the scriptural proposition claiming woman to be the gateway to hell ? (Only Hindī version)

वेदान्तप्रस्थान के उपर अद्यावधि उपलब्ध दार्शनिक सम्प्रदायों की सूची / Enumeration of the various theological doctrines so far available on Vedānta.

वेदान्तप्रस्थान के उपर अद्यावधि उपलब्ध दार्शनिक सम्प्रदायों की सूची / Enumeration of the various theological doctrines so far available on Vedānta. समग्रवेदान्तप्रस्थानस्य मूलाचार्या: कृष्णद्वैपायना: सात्यवतेया: बादरायणा: महामुनय: वेदव्यासा: उत्तरमीमांसात्मकब्रह्मसूत्राविर्भावका:।       (वेदान्तप्रस्थाने षोडशसिद्धान्ता: मुख्यरूपेण – तदितरविलुप्ताष्टादशवेदान्तसिद्धान्ता:) –   वैष्णवसम्प्रदायेष्वैतानि सप्तमतानि वेदान्तप्रस्थानोपरि —     क) रामानुजीय: विशिष्टाद्वैतवाद: अनन्यहर्युपासनात्मकं भक्तिमार्गमतम् — श्रीलक्ष्मणदेशिकानां श्रीभाष्यमनेकटीकोपटीकाभिः समलङ्कृतम् — […]

Read More वेदान्तप्रस्थान के उपर अद्यावधि उपलब्ध दार्शनिक सम्प्रदायों की सूची / Enumeration of the various theological doctrines so far available on Vedānta.

Severe logical taunting done on Western materialistic/animalistic/Communistic/Secularist beliefs bereft of Vedic spirituality

Severe logical taunting done on Western materialistic/animalistic/Communistic/Secularist beliefs bereft of Vedic spirituality Big achievements in material life minus spiritual progress is an ultimate zero as worth as a crow’s stool — a bitter fact — for, the quadruple materialistic acts of eating, sleeping, mating and defending are same in both 4 legged animals and a […]

Read More Severe logical taunting done on Western materialistic/animalistic/Communistic/Secularist beliefs bereft of Vedic spirituality

Whip of a Vedic Penal Code on the Yavana Judiciary of Bhārata / वैदिकी शासन व्यवस्था का चाबुक भारत की यावनी न्यायपालिका के उपर

Whip of a Vedic Penal Code on the Yavana Judiciary of Bhārata / वैदिकी शासन व्यवस्था का चाबुक भारत की यावनी न्यायपालिका के उपर URL to the whole article — https://goo.gl/3t9EXA   The biased & narrow-minded verdict of Western Secularist Allahabad High Court (anti-Vedic judicial seat) is full of animal hatred, against Manu-smṛti & against […]

Read More Whip of a Vedic Penal Code on the Yavana Judiciary of Bhārata / वैदिकी शासन व्यवस्था का चाबुक भारत की यावनी न्यायपालिका के उपर